रामनवमी 2026: भगवान श्रीराम का जन्मोत्सव, महत्व, पूजा विधि, व्रत कथा और इतिहास
रामनवमी: भगवान श्रीराम के जन्म का पावन पर्व रामनवमी हिंदू धर्म का एक अत्यंत पवित्र और महत्वपूर्ण त्योहार है। यह पर्व भगवान श्रीराम के जन्मोत्सव के रूप में पूरे भारत और विश्व के अनेक स्थानों पर श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जाता है। हिंदू पंचांग के अनुसार चैत्र मास के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को रामनवमी का पर्व मनाया जाता है। इसी दिन अयोध्या में राजा दशरथ और माता कौशल्या के घर भगवान विष्णु के सातवें अवतार श्रीराम का जन्म हुआ था। भगवान राम को मर्यादा पुरुषोत्तम कहा जाता है क्योंकि उन्होंने अपने जीवन में धर्म, सत्य, मर्यादा और आदर्शों का पालन किया। इसलिए रामनवमी का पर्व केवल एक धार्मिक त्योहार नहीं बल्कि आदर्श जीवन जीने की प्रेरणा देने वाला पर्व भी है। रामनवमी का पौराणिक इतिहास पुराणों और रामायण के अनुसार त्रेता युग में पृथ्वी पर अत्याचार और अधर्म बहुत बढ़ गया था। लंका के राजा रावण ने अपनी शक्ति और अहंकार के कारण देवताओं और ऋषियों को अत्यंत परेशान कर दिया था। तब देवताओं ने भगवान विष्णु से प्रार्थना की कि वे पृथ्वी पर अवतार लेकर अधर्म का नाश करें। भगवान विष्णु ने अयोध्या के राजा दशरथ क...